आवाज़ मेरी पत्थर बन गई, दुआ में निकली तो ख़्वाब तोड़ गई I आंसू मेरे कांटे बन गए, गालों पे उगे और , ज़िन्दगी में सन्नाटे बन गए I दिल की धड़कनो...
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